
अनावश्यक रेफर और बाहर की दवा लिखने पर होगी कड़ी कार्रवाई: प्रभारी मंत्री
बलिया। प्रभारी मंत्री दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में कानून व्यवस्था एवं विकास से संबंधित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक हुई। प्रभारी मंत्री ने जिला स्तरीय अधिकारियों को जनहित के कार्यों में तेजी लाने और शासन की योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
विद्युत विभाग की समीक्षा के दौरान प्रभारी मंत्री ने शासन द्वारा निर्धारित शेड्यूल के अनुसार विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि जिले में विद्युत कटौती की शिकायतें लगातार मिल रही हैं। विद्युत लाइन में खराबी आने पर तत्काल उसे ठीक कराया जाए। उन्होंने जर्जर विद्युत तारों को बदलने, नए ट्रांसफार्मर लगाने तथा ट्रांसफार्मरों की क्षमता वृद्धि के प्रस्ताव तत्काल भेजने के निर्देश दिए, ताकि जनपदवासियों को विद्युत समस्या का सामना न करना पड़े। साथ ही एनएच-31 गाजीपुर-बलिया-उत्तर प्रदेश-बिहार राज्य सीमा (ग्रीनफील्ड) सेक्शन के फोरलेन निर्माण की प्रगति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि करीब 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।

प्रभारी मंत्री ने निर्माण कार्य में तेजी लाकर इसे जल्द पूरा कराने के निर्देश दिए। वहीं एनएच- 727बी नवलपुर-सिकंदरपुर मार्ग के निर्माण को वर्ष 2027 तक पूरा कराने को कहा। बक्सर-भरौली के बीच निर्माणाधीन पुल की प्रगति की समीक्षा करते हुए प्रभारी मंत्री ने निर्धारित समय सीमा में कार्य पूरा कराने के निर्देश दिए। पीडब्ल्यूडी के अधिकारी को निर्देश दिए कि बलिया-गाजीपुर तुर्तीपार मार्ग के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण कार्य में भी तेजी लाने और लगातार निगरानी करने को कहा। बरसात को देखते हुए सड़कों पर गड्ढों को तत्काल भरने तथा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे पर जलभराव एवं पानी के कटाव से बचाव के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिए।
बलिया बाईपास निर्माण जनपद के लिए महत्वपूर्ण
एनएच-31 बलिया (वैना) से बांसडीह मार्ग एनएच-107 तक प्रस्तावित बलिया बाईपास के निर्माण को जनपद के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए प्रभारी मंत्री ने इसे निर्धारित समयावधि में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा कराने पर जोर दिया। बाढ़ सुरक्षा की समीक्षा में बलिया विधानसभा क्षेत्र में चयनित भूमि पर 150 व्यक्तियों की क्षमता वाले बाढ़ शरणालय के निर्माण में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही बैरिया में भी बाढ़ शरणालय का निर्माण कराने को कहा। अधिकारियों ने बताया कि बाढ़ से संबंधित नौ परियोजनाओं में से आठ पूरी हो चुकी हैं, जबकि एक परियोजना प्रगति पर है और जल्द पूरी कर ली जाएगी। इस पर प्रभारी मंत्री ने भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए व्यापक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार बलिया के लोगों को बाढ़ से बचाने के लिए पर्याप्त धन उपलब्ध करा रही है। इसलिए बड़ी और प्रभावी कार्ययोजना बनाकर कार्य किया जाए तथा धन की कमी नहीं होने दी जाएगी।
स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान प्रभारी मंत्री ने सीएमओ को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल कैंप लगाने और एंबुलेंस को हमेशा तैयार रखने के निर्देश दिए। सभी सीएचसी और पीएचसी पर प्रतिदिन डाक्टरों की उपस्थिति सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने अस्पतालों का लगातार निरीक्षण करने तथा मरीजों को अनावश्यक रूप से बाहर रेफर नहीं करने के निर्देश दिए। साथ ही अस्पतालों में बाहर की दवाएं लिखे जाने पर रोक लगाने को कहा। लापरवाही मिलने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी। प्रभारी मंत्री ने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों से ईमानदारी और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अधिकारी बलिया के विकास के लिए बेहतर कार्य करें और सरकार की उपलब्धियों एवं जनहित के कार्यों की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाएं।
बैठक में इनकी रही उपस्थिति
बैठक में मंत्री दानिश आजाद अंसारी, एमएलसी रविशंकर उर्फ पप्पू, जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह, सीडीओ आलोक कुमार, सीआरओ गुलशन , एडीएम अनिल कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट आसाराम वर्मा, सीएमओ डॉक्टर अभय कुमार राय एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

