Balli : लेखपाल, पुलिस भर्ती आयी है गोंड जनजाति प्रमाण पत्र जारी करने की मांग

मुख्य सम्पूर्ण समाधान दिवस पर आवेदकों ने जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया आवेदन
बलिया। उप्र लेखपाल भर्ती में 160 सीटें अनुसूचित जनजाति हेतु आरक्षित है। वही पुलिस भर्ती में भी 647 सीटें अनुसूचित जनजाति हेतु आरक्षित है। इन आरक्षित सीटों पर आवेदन करने के लिए अनुसूचित जनजाति प्रमाण-पत्र अतिआवश्यक है। भारत के राष्ट्रपतीय राजपत्र संविधान (अनुसूचित जनजाति) आदेश संशोधन अधिनियम-2002 द्वारा गोंड जाति को जनपद बलिया में अनुसूचित जनजाति के रूप में मान्यता दी गयी है। आवेदक गोंड युवक, युवतियों का कहना है कि गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र के लिए बलिया सदर तहसील का कई महीनों से चक्कर लगा रहे है।
तहसीलदार कार्यालय ऑफलाईन आवेदन जमा है लेकिन ऑनलाईन आवेदन करने पर लेखपाल व तहसीलदार साहब द्वारा आवेदन बार-बार अस्वीकृत कर दिया जा रहा है। जबकि पूर्व में पिता व भाई का गोंड अनुसूचित जनजाति का प्रमाण-पत्र इसी तहसील से जारी हुआ है। इस समय वर्तमान में गोंड जाति प्रमाण पत्र जारी करने में लेखपाल व तहसीलदार द्वारा अनावश्यक रूप से परेशान व उत्पीड़न किया जा रहा है। भारत के राजपत्र व शासनादेश की घोर अवमानना की जा रही है।
सोमवार को बलिया सदर तहसील पर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस पर दर्जनों गोंड समुदाय के युवक, युवतियों ने अपना गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण-पत्र जारी करवाने हेतु जिलाधिकारी के समक्ष अपना आवेदन प्रस्तुत किया जिस पर जिलाधिकारी महोदय द्वारा कहा गया कि यदि पूर्व में परिवार में किसी का गोंड जाति का प्रमाण पत्र बना हुआ है तो उसके आधार पर आवेदक का गोंड अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र जारी किया जा सकता है। इस सम्बन्धित उपजिलाधिकारी को उन्होंने आवश्यक निर्देश भी दिये। आवेदक गोंड नौजवानों ने कहा कि लेखपाल व पुलिस भर्ती में अनुसूचित जनजाति के लिए भी सीटें आरक्षित है यदि हम लोगों का समय रहते जाति प्रमाण पत्र नहीं निर्गत हुआ तो हम लोग अनुसूचित जनजाति आरक्षित सीटों से वंचित हो सकते है।
लेखपाल व तहसीलदार की उदासीनता से युवाओं का भविष्य अंधकारमय
ऑल गोंडवाना स्टूडेन्ट्स एसोसिएशन (आगसा) के अध्यक्ष मनोज शाह ने कहा कि गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र जारी किया जाना हम गोंड समुदाय के लोगों का संवैधानिक अधिकार है। लेखपाल व तहसीलदार की उदासीन रवैये के कारण जनजाति गोंड समुदाय के नौजवानों का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है। आगे कहा कि 9 जनवरी 2026 को लेखपाल, पुलिस भर्ती आयी है गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र जारी करों नारे के साथ बलिया सदर तहसील पर 11 बजे से शान्तिपूर्ण लोकतांत्रिक तरीके से सांकेतिक धरना दिया जायेगा।
इनकी रही उपस्थिति
इस दौरान प्रमुख रूप से अन्जेय कुमार, सुमन गोंड, अनामिका, सविता गोंड, सरोज देवी, श्वेता गोंड, कविता गोंड, पूनम गोंड, राहुल कुमार गोंड, धनु कुमार शाह, कौशलेन्द्र किशोर कमल, संजय कुमार, शिवमजी, शुभम गोंड, आनन्द कुमार शाह, संदीप कुमार, बच्चा लाल गोंड, बेचू गोंड, ऋतिक गोंड, शिवकुमार गोंड, लक्ष्मी गोंड, सावित्री गोंड, शिल्पा गोंड सहित सुरेश शाह, संजय गोंड भी उपस्थित रहे।

