
बलिया। जिलाधिकारी के निर्देश पर गुरुवार को अधिशासी अभियंता (बाढ़) संजय मिश्रा और उनकी टीम ने कोटवां नारायनपुर गंगा घाट पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त हो रहे पुराने पोस्ता (ठोकर) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पूर्व मंत्री नारद राय अपने समर्थकों और क्षेत्रीय नागरिकों के साथ मौके पर मौजूद रहे।
निरीक्षण के बाद अधिशासी अभियंता संजय मिश्रा ने बताया कि पोस्ता के ऊपर बिखरे बोल्डरों के साथ बरसात से पहले छेड़छाड़ करना उचित नहीं होगा। हालांकि, जहां-जहां पोस्ता और घाट की सीढ़ियों में दरारें आई हैं, उनकी मरम्मत कराई जाएगी।

उन्होंने कहा कि बाढ़ के दौरान इंजीनियरों की टीम पुनः स्थल का निरीक्षण करेगी। इसके बाद अक्टूबर माह से पोस्ता के जीर्णाेद्धार और मरम्मत का कार्य विधिवत कराया जाएगा, ताकि भविष्य में कटान और अन्य संभावित नुकसान से बचाव किया जा सके।
निरीक्षण के दौरान बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे। पूर्व मंत्री नारद राय ने गंगा घाट की समस्या के समाधान की दिशा में पहल करने के लिए जिलाधिकारी और अधिशासी अभियंता (बाढ़) का आभार जताया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता लंबे समय से पोस्ता की मरम्मत की मांग कर रही थी, जिस पर अब प्रशासन ने सकारात्मक कदम उठाया है।
निरीक्षण के दौरान ये रहे उपस्थित
इस अवसर पर जनार्दन पाण्डेय, करुणानिधि पाण्डेय, विंध्याचल राय, शारदानंद राय, सुरेश राय, रामकृष्ण राय, नन्हे राय, जगदीश राय, शिपू राय, शंकर राय, नन्द जी राय, त्रियोगी राय, मदन राय, नन्हें राय, वशिष्ठ राय, शांतनु राय, रोहिणी रमण राय, रामाकांत राय, अमरनाथ राय, हरिहर राय, ओमकार राय, पवन मिश्रा, धीरेन्द्र राय, प्रदीप राय, अनिल राय, त्रिपुरारी रस्तोगी, सच्चिदानंद राय, गोपाल सिंह, विजयशंकर गिरी आदि मौजूद रहे।

