
बलिया। प्रदेश सरकार अल्पसंख्यक छात्रों और मदरसों में अध्ययनरत विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने की दिशा में नई पहल करने जा रही है। अल्पसंख्यक कल्याण विभाग ने कॉर्पाेरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) के तहत कोलगेट-पामोलिव के साथ मिलकर डेंटल हेल्थ अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में ओरल हाइजीन के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उन्हें बेहतर दंत स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
इस संबंध में अल्पसंख्यक कल्याण, मुस्लिम वक्फ एवं हज राज्यमंत्री दानिश आजाद अंसारी ने कोलगेट समूह के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में मदरसा छात्रों के बीच दांतों की नियमित जांच, स्वच्छता संबंधी जागरूकता और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।

विद्यार्थियों में निःशुल्क डेंटल किट होगा वितरित
प्रस्तावित योजना के तहत प्रदेश के अल्पसंख्यक छात्र और मदरसों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को निःशुल्क डेंटल किट वितरित की जाएंगी। इन किटों में टूथब्रश, टूथपेस्ट सहित अन्य आवश्यक सामग्री शामिल होगी। साथ ही समय-समय पर विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा डेंटल चेकअप कैंप भी लगाए जाएंगे, ताकि शुरुआती स्तर पर ही दांतों से जुड़ी समस्याओं की पहचान और उपचार संभव हो सके।
यह पहल छात्रों के जीवन में लाएगी सकारात्मक बदलाव
राज्यमंत्री दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि योगी सरकार का लक्ष्य केवल शैक्षिक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का भी समुचित ध्यान रखना है। उन्होंने कहा कि यह पहल अल्पसंख्यक छात्रों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगी और उन्हें स्वस्थ भविष्य की ओर अग्रसर करेगी।
कोलगेट समूह की ईएसजी एवं कम्युनिकेशन डायरेक्टर एम.एस. शिल्पा श्री ने भी इस साझेदारी को सामाजिक दायित्व की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि कंपनी समाज के विभिन्न वर्गों तक बेहतर ओरल केयर सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
सरकार और निजी क्षेत्र के इस संयुक्त प्रयास को प्रदेश में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने तथा अल्पसंख्यक समाज के युवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में अहम पहल माना जा रहा है।

