
बलिया। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को जिला अस्पताल में जमकर हंगामा किया। कार्यकर्ताओं ने अस्पताल की बदहाल व्यवस्था और मरीजों को हो रही परेशानियों को लेकर सीएमएस कार्यालय का करीब ढाई घंटे तक घेराव किया। इस दौरान प्रभारी सीएमओ डॉ. आनंद कुमार और सीएमएस डॉ. सुजीत कुमार यादव से तीखी नोकझोंक भी हुई।
कार्यकर्ताओं का आरोप था कि जिला अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं लगातार खराब होती जा रही हैं, जिससे मरीजों को मजबूर होकर बाहर के अवैध अस्पतालों में इलाज कराना पड़ रहा है। उन्होंने सीएमएस को तत्काल हटाने की मांग उठाई। मामले को गंभीर मानते हुए प्रभारी सीएमओ ने मौके पर ही सीएमएस से स्पष्टीकरण तलब कर लिया।
फोन नहीं उठाने पर भड़के कार्यकर्ता
एबीवीपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि अस्पताल की अव्यवस्था को लेकर नौ मई को प्रभारी सीएमओ की अनुपस्थिति में सीएमएस को शिकायत पत्र सौंपा गया था, लेकिन 17 दिन बाद भी उसे सीएमओ तक नहीं पहुंचाया गया। मंगलवार को जब कार्यकर्ता सीएमओ कार्यालय पहुंचे तो उन्हें जानकारी मिली कि शिकायत पत्र वहां पहुंचा ही नहीं है।
कार्यकर्ताओं के कहने पर प्रभारी सीएमओ ने सीएमएस को फोन किया, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने और फोन काट दिए जाने से कार्यकर्ता आक्रोशित हो गए। इसके बाद कार्यकर्ता प्रभारी सीएमओ को लेकर सीधे सीएमएस कार्यालय पहुंच गए, जहां करीब ढाई घंटे तक आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा।
स्थिति को देखते हुए कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। बाद में प्रभारी सीएमओ ने जिलाधिकारी से फोन पर कार्यकर्ताओं की वार्ता कराई, जिसके बाद मामला शांत हुआ।

