भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्षों में एक ऐसा नाम जो बना भारत का प्रधानमंत्री

रोशन जायसवाल,
बलिया। भारतीय जनसंघ एवं भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्षों में कई चेहरे रहे। जनसंघ के समय में डा.श्यामा प्रसाद मुखर्जी जो 1951 से 52, मउलीचंद शर्मा 1954 तक, प्रेमनाथ डोगरा 1955 तक, आचार्य देवप्रसाद घोष 1956 से 1959 तक, पिताम्बर दास 1960 अवसरला राम राव 1961, आचार्य देवप्रसाद घोष 1962, रघुवीर 1963, आचार्य देवप्रसाद घोष 1964, बच्छराज व्यास 1965, अटल बिहारी वाजपेयी 1968 से 1972, उसके बाद 1972 में भी राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे। उसके बाद 1980 में भारतीय जनता पार्टी के पहले राष्ट्रीय अध्यक्ष अटल बिहारी वाजपेयी बने।
वैसे तो भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्षों में कई नाम है जो राजनीतिक की सबसे बड़ी कुर्सी पर बैठ चुके है। प्रधानमंत्री, उपराष्ट्रपति, गृह मंत्री, रक्षा मंत्री, इनमें सबसे बड़ा नाम अटल बिहारी वाजपेयी का है जो भाजपा के संस्थापक अध्यक्ष के रूप में 1980 से लेकर 1986 तक रहे। उसके बाद भारत के प्रधानमंत्री बने। वहीं दूसरा नाम लालकृष्ण आडवाणी का है जो 1986 से 1990 तक 1993 से 1998 तक 2004 व 2005 तक रहे, और भारत सरकार में गृहमंत्री भी रहे। तीसरा नाम डा. मुरली मनोहर जोशी जो 1991 से लेकर 1993 तक रहे और भारत सरकार मे केंद्रीय मंत्री भी रहे।
चौथा नाम कुशाभाऊ ठाकरे जो 1998 से लेकर 2000 तक रहे। बंगारू लक्ष्मण 2000 से 2001 तक, के जाना कृष्णमूर्ति 2001 से 2002 तक, वेंकैया नायडू 2002 से 2004 तक, बाद में उपराष्ट्रपति भी बने। राजनाथ सिंह 2005 से 2009 तक और 2013 से लेकर 2014 तक राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे। राजनाथ सिंह गृहमंत्री के बाद वर्तमान में रक्षामंत्री है। नितिन गडकरी 2010 से लेकर 2013 तक राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे, वर्तमान में केंद्रीय मंत्री है। अमित शाह 2014 से 2017 और 2020 तक रहे। वर्तमान में गृहमंत्री है। जगत प्रकाश नड्डा 2020 से लेकर 2025 तक रहे। जेपी नेड्डा केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री भी रहे। इसके बाद नितिन नवीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है जो बिहार के एक विधानसभा से पांच बार विधायक रहे है और सरकार में नगर विकास मंत्री के पद पर भी रहे।

