
संत-महात्माओं के साथ हुई घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण
बलिया। पूर्वांचल क्रांति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शशिकांत पांडे उर्फ बिट्टू बाबा ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा लागू किए जा रहे नए नियमों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। साथ ही प्रयागराज में संत-महात्माओं के साथ हुई दुर्व्यवहार व मारपीट की घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
गुरुवार को पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में समानता के नाम पर लाए जा रहे प्रावधान यदि संतुलित और सर्वमान्य नहीं होंगे तो वे समाज को जोड़ने के बजाय तोड़ने का काम करेंगे। देश के विभिन्न हिस्सों से मिल रही प्रतिक्रियाएँ यह संकेत दे रही हैं कि लोगों के भीतर असुरक्षा और असंतोष की भावना बढ़ रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि इन नियमों के कारण समाज के विभिन्न वर्गों के बीच अविश्वास की खाई गहरी हो सकती है। यदि सरकार ने समय रहते सभी पक्षों से संवाद कर समाधान नहीं निकाला, तो जातीय तनाव बढ़ सकता है जो आगे चलकर व्यापक सामाजिक संघर्ष का रूप ले सकता है। यह देश के लिए अत्यंत घातक होगा। उन्होंने आगाह किया कि हालात बिगड़ने पर देश में गृह कलह जैसे हालात पैदा होने का खतरा उत्पन्न हो सकता है।
उन्होंने मांग की कि यूजीसी के विवादित नियमों को तत्काल प्रभाव से स्थगित किया जाए। संत समाज, शिक्षाविदों और सामाजिक संगठनों के साथ संवाद स्थापित कर समाधान निकाला जाए। प्रयागराज की घटना की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों को दंडित किया जाये।

