
जो भाजपा के खिलाफ बोलेगा उसे जेल, यह लोकतंत्र नहीं तानाशाही है
बलिया। दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले को आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता सर्वेश मिश्रा ने सत्य और न्याय की विजय बताया है। पार्टी के प्रवक्ता सर्वेश मिश्रा ने रविवार को बलिया में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि इस निर्णय ने यह सिद्ध कर दिया है कि आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया पर लगाए गए आरोप राजनीतिक षड्यंत्र के तहत गढ़े गए थे। न्यायालय ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि यह मुकदमा बनता ही नहीं है और जिन लोगों पर मामला दर्ज किया गया, उनके खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किया गया।
सर्वेश मिश्रा ने कहा कि अदालत ने यह भी टिप्पणी की है कि जिन अधिकारियों ने इस प्रकार का मुकदमा दर्ज किया, उनकी विभागीय जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह टिप्पणी अपने आप में बताती है कि किस तरह संवैधानिक पदों पर बैठे नेताओं को बदनाम करने के लिए सत्ता का दुरुपयोग किया गया। भाजपा ने आम आदमी पार्टी की छवि धूमिल करने के लिए लाख प्रयास किए, लेकिन न्यायपालिका ने यह दिखा दिया कि सच और संविधान की ताकत किसी भी साजिश से बड़ी होती है।
उन्होंने कहा कि अगर इसी तरह की राजनीति देश में चलती रही तो जो भी व्यक्ति सत्ता के खिलाफ आवाज उठाएगा, वह सलाखों के पीछे होगा।
सर्वेश मिश्रा ने कहा कि आम आदमी पार्टी स्कूल और अस्पताल की राजनीति करती है, जो सीधे जनता के जीवन से जुड़ी है। यही वजह है कि भाजपा आम आदमी पार्टी और उसके नेताओं से घबराई हुई है। अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और संजय सिंह जैसे नेताओं की लोकप्रियता भाजपा को असहज करती है, इसलिए झूठे मुकदमों के जरिए उन्हें बदनाम करने की साजिश रची जाती है।
उन्होंने बलिया जिले के प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज का उदाहरण देते हुए कहा कि वर्ष 2022 में घोषणा के बाद जमीन अधिग्रहण में ही चार वर्ष लग गए। 21वीं सदी के एआई युग में यदि किसी मेडिकल कॉलेज की जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया में चार साल लग जाएं, तो उसके निर्माण और संचालन में कितने वर्ष लगेंगे, इसकी कल्पना करना भी कठिन है।
उन्होंने भाजपा सरकार की विकास गति को बैलगाड़ी की गति करार देते हुए कहा कि जनता को बुलेट ट्रेन जैसी रफ्तार चाहिए, न कि घोषणाओं और शिलान्यासों का ढकोसला। इस अवसर पर डॉक्टर प्रदीप कुमार, अंजनी कुमार तिवारी, अशोक कुमार यादव,राजकुमार जायसवाल, पंकज खरवार, संत प्रकाश सिंह, विपिन तिवारी, रामदास यादव, रणवीर, अशोक कुमार गुप्ता आदि मौजूद रहे।

