You can find updated Android installation instructions and app information on BC Game APK India.

Asarfi

Ballia : मां अम्बे के जयकारे से गूंज उठे पूजा पंडाल, भक्तों ने नवाएं शीश… देखें लाइव तस्वीरें

width="500"

बलिया। जिले के विभिन्न स्थानों पर बने पंडालों में सप्तमी के दिन देवी प्रतिमाओं का पट खोल दिया गया। देवी दर्शन के लिये भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है। पुरूष-महिलाएं अलग-अलग लाइन में लगकर पंडालों में माता रानी की पूजा पाठ कर रहे है।

शहर के चित्तू पांडेय चौराहा, ओक्डेनगंज, शास्त्रीनगर, बड़ा गड़हा मोहल्ला, आर्य समाज रोड, कासिम बाजार रोड, सेंट थामस स्कूल जगदीशपुर, कृष्णानगर, गुदरी बाजार, लोहापट्टी, चमन सिंह बाग रोड, रामलीला मैदान के पीछे जापलिनगंज, जापलिनगंज पुलिस चौकी, कदमतर, महाबीर घाट काली मंदिर, सुतरपट्टी, शास्त्रीनगर आदि स्थानों पर स्थापित दुर्गा प्रतिमाओं पर भीड़ उमड़ रही है।

वहीं, रसड़ा के दर्जनों पंडालों में मां अंबे की प्रतिमा स्थापित कर विभिन्न तरह के धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे है।

रंग-बिरंगे रोशनियों से पंडाल जगमग हो रहे है। नगरा में भी दुर्गा पूजा की धूम है।

तहसील क्षेत्र में 64 स्थानों पर स्थापित हुई दुर्गा प्रतिमाएं
सिकंदरपुर। तहसील क्षेत्र में इस बार दुर्गा प्रतिमाओं की संख्या में कमी दर्ज की गई है। पिछले वर्ष कुल 67 प्रतिमाएं स्थापित हुई थीं, जबकि इस बार यह संख्या घटकर 64 रह गई है। इनमें से आठ प्रतिमाएं स्थायी स्वरूप में हैं।
सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में इस बार 29 स्थानों पर दुर्गा प्रतिमाएं स्थापित हुई हैं, जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 31 थी। भरथाव और कठौड़ा गांव में इस बार प्रतिमाएं स्थापित नहीं हो सकी है। यहां कुल चार स्थायी प्रतिमाएं मौजूद हैं, जहां श्रद्घालु विधि-विधान से पूजा कर रहे हैं। विजयादशमी पर सिकंदरपुर बस स्टैंड चौराहे पर रावण दहन का आयोजन होगा।

इसके अलावा जजौली में रामकथा तो सिकंदरपुर कस्बा में जलपा मन्दिर के पास रामायण का आयोजन भी चल रहा है, जिससे धार्मिक वातावरण और भी जीवंत हो उठा है। खेजुरी थाना क्षेत्र में भी पिछले वर्ष की तुलना में प्रतिमाओं की संख्या में कमी आई है।

विधायक एवं पूर्व विधायक ने खोला दुर्गा प्रतिमा का पट
सिकंदरपुर। क्षेत्र के बिजलीपुर में विधायक मो. जियाउद्दीन रिजवी ने मां दुर्गा की प्रतिमा का पट खोला। उन्होंने गंगा-जमुनी तहजीब एवं सामाजिक एकता की महत्ता को रेखांकित करते हुए कहा कि सिकंदरपुर क्षेत्र हमेशा धार्मिक और सामाजिक सौहार्द का प्रतीक रहेगा। हर व्यक्ति चाहे वह किसी भी धर्म या समुदाय से हो, आपस में भाईचारा और सद्भाव बनाए रखे। इधर, पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता संजय यादव ने कस्बा के विभिन्न स्थानों पर मां दुर्गा की प्रतिमा का पट खोला।

कहा कि नवरात्रि का पर्व केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं है। यह समाज में भाईचारा, एकता और सद्भावना को भी मजबूत करता है। क्षेत्र में धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देना सभी नागरिकों का कर्तव्य है। समाज में भाईचारा बनाये रखने के साथ ही एकता की भावना को जीवित रखना इस प्रकार के उत्सवों का सबसे बड़ा संदेश है। वहीं, मां दुर्गा का पट खुलते ही श्रद्घालुओं ने जयकारा लगाया।

पंडालों में दर्शन-पूजन को उमड़ी भीड़


मझौवां। शारदीय नवरात्र की सप्तमी से ही मां दुर्गा की भक्ति की गूंज गांव-गली तक सुनाई दे रही है। क्षेत्र में स्थापित दुर्गा पंडाल न केवल आस्था के रंग में रंगे है, बल्कि अपनी भव्य सजावट, विद्युत साज-सज्जा और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से जनमानस को आकर्षित भी कर रहा है। बहादुर बाबा दुर्गा पूजा समिति, मां दुर्गा पूजा समिति, बाबा भीमेश्वर नाथ दुर्गा पूजा

समिति रामगढ़, पूर्वांचल नवयुवक मंगल दल मझौवां और नवयुवक बाल संघ गंगा तट मझौवां के पंडाल में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। रामगढ़ में आयोजित दुर्गा पूजा पिछले 25 वर्षों से हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल बना हुआ है। प्रशासन और पूजा समितियों की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।

रंग-बिरंगे रोशनियों से जगमग हो रहे पूजा पंडाल
बांसडीह। शारदीय नवरात्रि की सप्तमी के दिन सोमवार की देर शाम कस्बा सहित क्षेत्र के सभी पूजा पंडालों में मां दुर्गा की प्रतिमाएं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ स्थापना की गई। साथ ही मां का मुख पट श्रद्घालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए गए। मंगलवार को अष्टमी के दिन माता रानी के दर्शन हेतु भक्तों का जमावड़ा पूजा पंडालों में लगने लगा।

कस्बा में परंपरागत सहित कई दुर्गा पूजन पंडाल बनाए गए है। कई पूजा समितियों ने मां दुर्गा के साथ हनुमान जी की भी मूर्ति स्थापित की है। बड़ी बाजार में श्री महावीरी झंडा एवं दुर्गा पूजा समिति, नई बस्ती में नवयुवक बाल ज्योति संघ, बड़ी बाजार के भारतीय युवक संघ, प्रेम बाल ज्योति संघ, जनता बाल ज्योति संघ, दुर्गा पूजन समिति द्वारा मां अंबे की प्रतिमा स्थापित की गई है।

वहीं, बाबा भूतेश्वर नाथ मंदिर पोखरे पर काशी से आए विद्वान ब्राह्मणों द्वारा गंगा आरती का आयोजन किया गया।

रंग-बिरंगी रौशनी से क्षेत्र के सभी पूजा पंडाल जगमग हो रहे है। श्रद्घालुओ की भारी भीड़ मेले को आकर्षक बना रही है। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस भी मुस्तैद है।

आकर्षण का केन्द्र बने पूजा पंडाल
रतसर। क्षेत्र के पूजा पंडालों में मां अंबे के दर्शन-पूजन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। नगर समेत ग्रामीण अंचलों में सजे भव्य पंडाल आकर्षण का केंद्र बने हुए है। नगर के पंचायत भवन, गांधी आश्रम चौराहा, पोस्ट आफिस, पकड़ी तर, दक्षिण चट्टी, पूर्व मोहल्ला के अलावा पचखोरा, धनौती, नूरपुर, जनऊपुर, मसहां, बाराबांध, गड़वार, रतसर के पूजा पंडाल में स्थापित मां अंबे की प्रतिमा आकर्षण का केन्द्र बनी हुई है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *